
इंदौर का जीवन रेखा मार्ग कहा जाने वाला एबी रोड अब अटल बिहारी मार्ग से जाना जाएगा। नगर निगम ने उनके जन्मदिन पर नामकरण का फैसला लिया गया। इस मार्ग को अभी तक बीआरटीएस के नाम से जाना जाता था।
इंदौर में राऊ से लेकर मांगलियां तक एबी रोड का हिस्सा शहर के सघन इलाकों के बीच से गुजरता है। भारी वाहनों को इस मार्ग से हटाने के लिए पहले पूर्वी रिंग रोड बनाया गया था। फिर पूर्वी बायपास का निर्माण किया गया। भले ही यह मार्ग अब राष्ट्रीय राजमार्ग नहीं कहलाता, लेकिन दस्तावेजों में भी आज भी यह मार्ग आगरा-मुंबई राष्ट्रीय राजमार्ग के नाम से जाना जाएगा।
पूर्व प्रधानमंत्री ए अटल बिहारी वाजपेई जी की जन्म शताब्दी के अवसर पर सुशासन दिवस के रूप में मनाया गया। नगर निगम द्वारा सुशासन सम्मेलन का आयोजन किया जा रहा है। जिसमें एबी रोड का नाम अटल बिहारी वाजपेई के नाम पर करने का फैसला लिया गया। बीआटीएस रोड अब इस अटलजी के नाम से जाना जाएगा। यह कार्यक्रम अटल परिषद सभागृह में आयोजित होगा, जिसमें राष्ट्रकवि सत्यनारायण सत्तन,महापौर पुष्यमित्र भार्गवमुख्य रूप से उपस्थित थे।
अतिथियों ने वाजपेई जी के आदर्शों, विचारों और उनकी राष्ट्र प्रेम की अवधारणा याद करते हुए कहा कि वे राजनीति के संत थे। विरोधी भी उनका सम्मान करते थे। अटल जी ने अपने सार्वजनिक जीवन में राष्ट्रहित, लोकतांत्रिक मूल्यों, सुशासन एवं विकास को सर्वोच्च प्राथमिकता दी, जो आज भी देश के लिए मार्गदर्शक हैं। भाजपा कार्यालय में भी अटलजी की तस्वीर पर माल्यार्पण किया गया। उधर शाम को पाटनीपुरा में इस मौके पर कवि सम्मेलन का आयोजन भी किया जा रहा है।



