पीएम मोदी करेंगे आज शी जिनपिंग के साथ द्विपक्षीय वार्ता

नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग के बीच 2020 में हुए गलवान संघर्ष के बाद पहली द्विपक्षीय बैठक बुधवार को रूस के कजान में ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के दौरान होगी।

यह बैठक तब हो रही है जब दोनों देशों ने लगभग 3,500 किलोमीटर लंबी वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) पर गश्त को लेकर एक समझौता किया है, जिससे चार साल से चल रहे सीमा विवाद का अंत हो सके। इस विवाद के कारण गलवान घाटी में हिंसक झड़प हुई थी।

मंगलवार को विदेश सचिव विक्रम मिस्री ने कहा, मैं पुष्टि कर सकता हूं कि कल ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के दौरान प्रधानमंत्री मोदी और चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग के बीच द्विपक्षीय बैठक होगी।

इससे पहले चीन ने यह जानकारी दी थी कि भारत और चीन के बीच सीमा पर गश्त के संबंध में समझौता हो गया है। चीन के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता लिन जियान ने बताया, पिछले कुछ हफ्तों से भारत और चीन कूटनीतिक और सैन्य चैनलों के माध्यम से लगातार संपर्क में थे। अब दोनों पक्षों ने एक समाधान पर सहमति बनाई है, जिसे चीन सराहना करता है। आगे चलकर, चीन और भारत मिलकर इन समझौतों को लागू करेंगे।

सोमवार को विदेश सचिव ने इस मुद्दे पर अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा, पिछले कुछ हफ्तों में भारतीय और चीनी कूटनीतिक और सैन्य वार्ताकार लगातार विभिन्न मंचों पर एक-दूसरे से संपर्क में थे। इन चर्चाओं के परिणामस्वरूप, वास्तविक नियंत्रण रेखा पर गश्त के लिए एक समझौता हुआ है, जिससे 2020 में उत्पन्न समस्याओं का समाधान हो सकेगा। अब हम अगले कदम उठाने की दिशा में आगे बढ़ेंगे।

गलवान संघर्ष के बाद, दोनों नेताओं के बीच केवल एक औपचारिक बैठक अगस्त 2023 में दक्षिण अफ्रीका के जोहान्सबर्ग में ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के दौरान हुई थी। इसके अलावा, नवंबर 2022 में इंडोनेशिया के बाली में जी-20 शिखर सम्मेलन के दौरान एक अनौपचारिक बातचीत भी हुई थी।

 

Related Articles

Back to top button
X (Twitter)
Visit Us
Follow Me
YouTube
YouTube