महाकुम्भ में आरटीआई के पहलुओं को समझेंगे श्रद्धालु, डिजिटल माध्यमों से भी होंगे परिचित

महाकुम्भनगर, 23 दिसंबर : उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने भ्रष्टाचार के खिलाफ जो अभियान छेड़ रखा है उससे पूरे प्रदेश में जहां आम जनता ने राहत की सांस ली है तो वहीं अधिकारियों की जिम्मेदारी और जवाबदेही तय हुई है। योगी सरकार का प्रयास लोगों को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक करना है, ताकि वे अपने अधिकारों के लिए लड़ सकें। इसी क्रम में पहली बार महाकुम्भ के दौरान संगम की रेती पर लोगों को सूचना के अधिकार (आरटीआई) के प्रति जागरूक किया जाएगा। जनता को सूचना के अधिकार से जुड़े हर पहलू की जानकारी देने के लिए सभी सूचना आयुक्त महाकुम्भ के दौरान उपस्थित रहेंगे। इस दौरान वे श्रद्धालुओं को न सिर्फ आरटीआई के विषय में बताया जाएगा, बल्कि सूचना का अधिकार पाने के डिजिटल तरीके भी बताए जाएंगे।

डिजिटल एक्सपर्ट्स बताएंगे सुविधाओं के विषय में

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पहली बार महाकुम्भ का इतने बड़े स्तर पर डिजिटलीकरण कर रहे हैं। पीएम और सीएम के इस अभियान को उत्तर प्रदेश के सूचना आयोग ने आगे बढ़ाने का फैसला किया है। इसी योजना के अंतर्गत सभी सूचना आयुक्त चाहते हैं कि भ्रष्टाचार के खिलाफ अभियान में डिजिटल माध्यम से भी लड़ाई लड़ी जाए, तभी भ्रष्टाचारियों पर जीत हासिल करने में सुविधा होगी। इसके लिए डिजिटल माध्यम को हथियार बनाए जाने की जरूरत है। इसी क्रम में सूचना आयोग की ओर से महाकुम्भ मेला क्षेत्र में एक कैंप लगाया जाएगा, जिसमें डिजिटल एक्सपर्ट्स श्रद्धालुओं को गूगल, फेसबुक, एक्स, इंस्टाग्राम और वॉट्सएप के माध्यम से सूचना का अधिकार मिलने में होने वाली सुविधाओं के बारे में विस्तार से बताएंगे।

कोई नहीं कर पाएगा अधिकारों का हनन

उत्तर प्रदेश के राज्य सूचना आयुक्त वीरेंद्र सिंह वत्स ने बताया कि उत्तर प्रदेश में भ्रष्टाचार मुक्त माहौल बनाने में आरटीआई एक मजबूत हथियार है। आम जनता के अधिकारों का हनन कोई न करने पाए, इसके तहत महाकुम्भ में भी आने वाले श्रद्धालुओं को जागरूक करने की तैयारी की जा रही है। वीरेंद्र सिंह वत्स ने कहा कि यह पहला मौका होगा, जब महाकुम्भ में श्रद्धालुओं को उनके अधिकारों की इतने वृहद स्तर पर जानकारी दी जाएगी। संगम की रेत पर पहली बार जनता को सूचना का अधिकार के विषय में महत्वपूर्ण जानकारी मिलने जा रही है। यहां आए हुए लोग जानेंगे कि किस प्रकार से अपने अधिकारों का प्रयोग किया जाए। साथ ही, किसी भी तरह से होने वाले अन्याय के खिलाफ जनता के साथ सरकार मुस्तैदी से खड़ी है, इसकी भी उन्हें जानकारी दी जाएगी। यहां जनता को सूचना के अधिकार से जुड़े हर पहलू की जानकारी मिलेगी। महाकुम्भ नगर में जागरूकता के इस कार्यक्रम में सभी सूचना आयुक्त जनता के साथ मिलकर मंथन करेंगे। इसी के साथ आम लोगों की राय भी ली जाएगी। सूचना के अधिकार के और बेहतर इस्तेमाल के लिए क्या कदम उठाए जा सकते हैं, इस बारे में भी मुख्य सूचना आयुक्त के साथ सभी सूचना आयुक्त श्रद्धालुओं से मशविरा करेंगे।

किताबों के माध्यम से जगाई जाएगी रुचि

महाकुम्भ दुनिया का सबसे बड़ा सांस्कृतिक आयोजन बनने जा रहा है। इसमें देश और दुनिया ब्रांड यूपी का चमत्कार देखेगी। इसके लिए श्रद्धालुओं को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक करने के लिए राज्य सूचना आयोग की तरफ से भी अभियान चलाया जाएगा। इसमें विभिन्न किताबों के माध्यम से भी लोगों की रुचि जगाई जाएगी। बड़े पैमाने पर लोगों को आरटीआई के तहत मोटिवेट किए जाने की तैयारी है। वीरेंद्र सिंह वत्स ने बताया कि इन किताबों में सूचना के अधिकार से संबंधित सामग्री होगी, जिसका उपयोग करके आम लोग भी सूचना का अधिकार प्राप्त कर सकेंगे।

Related Articles

Back to top button
X (Twitter)
Visit Us
Follow Me
YouTube
YouTube