
कुछ साल पहले तक फैटी लिवर बढ़ती उम्र या शराब पीने से जुड़ी बीमारी माना जाता था, लेकिन आज 20-25 साल के युवाओं में भी इसके मामले तेजी से बढ़ रहे हैं। ऐसे में यह समझना जरूरी है कि आखिर युवाओं में फैटी लिवर के मामले क्यों बढ़ रहे हैं?
आइे जानें इसके कारण और फैटी लिवर के किन संकेतों को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए।
युवाओं में फैटी लिवर बढ़ने के कारण
आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में हमारी लाइफस्टाइल पूरी तरह बदल चुकी है, जो हमारे लिवर के लिए घातक साबित हो रही है।
जंक फूड और प्रोसेस्ड शुगर- पिज्जा, बर्गर और कोल्ड ड्रिंक्स युवाओं की पहली पसंद बन गए हैं। इनमें मौजूद फ्रुक्टोज और अनहेल्दी फैट सीधे लिवर में जमा होने लगते हैं, जिससे लिवर में सूजन आने लगती है।
एक्सरसाइज की कमी- घंटों कंप्यूटर के सामने बैठकर काम करना और एक्सरसाइज की कमी शरीर में मेटाबॉलिज्म को धीमा कर देती है। जब हम कैलोरी बर्न नहीं करते, तो वह फैट के रूप में लिवर के आसपास जमा होने लगती है।
मोटापा और इंसुलिन रेजिस्टेंस- गलत खान-पान के कारण कम उम्र में ही सेंट्रल ओबेसिटी यानी पेट के आसपास की चर्बी बढ़ रही है, जो सीधे तौर पर फैटी लिवर को न्योता देती है।
देर रात तक जागना और तनाव- नींद की कमी और बढ़ा हुआ कोर्टिसोल लेवल लिवर को प्रभावित करता है।
किन लक्षणों से सावधान रहना चाहिए?
फैटी लिवर की सबसे खतरनाक बात यह है कि शुरुआत में इसके लक्षण बहुत ही मामूली होते हैं। अगर समय रहते ध्यान न दिया जाए, तो यह लिवर सिरोसिस जैसी गंभीर स्थिति में बदल सकता है।
लगातार थकान महसूस होना- पूरी नींद लेने के बावजूद अगर आप हर समय थका हुआ महसूस करते हैं, तो यह लिवर पर दबाव का संकेत हो सकता है।
पेट के ऊपरी दाहिने हिस्से में दर्द- पसलियों के ठीक नीचे भारीपन या हल्का दर्द महसूस होना लिवर की सूजन की ओर इशारा करता है।
पेट फूलना- खासकर पेट के हिस्से का फूलना या बाहर निकलना।
पाचन संबंधी समस्याएं- भूख न लगना, बार-बार एसिडिटी होना या जी मिचलाना।
त्वचा और आंखों में पीलापन- अगर फैटी लिवर बढ़कर पीलिया का रूप ले ले, तो इसके कारण आंखों की पुतली और त्वचा का रंग पीला पड़ने लगता है।
बचाव के लिए क्या करें?
डाइट में बदलाव- चीनी और मैदे वाली चीजों को अपनी डाइट से हटा दें। फाइबर से भरपूर खाना, जैसे- साबुत अनाज और हरी सब्जियां ज्यादा खाएं।
नियमित एक्सरसाइज- दिन में कम से कम 30 मिनट की ब्रिस्क वॉकिंग या कोई भी एक्सरसाइज जरूर करें।
वजन मैनेज- अपने शरीर के वजन का केवल 5-7% हिस्सा कम करने से भी लिवर की चर्बी काफी हद तक कम हो सकती है।
शराब से दूरी- शराब लिवर की स्थिति को और भी बदतर बना देती है।



