गाजा युद्ध विराम समझौता : फिलिस्तीनी कैदियों की रिहाई, रामल्लाह में जश्न का माहौल

इससे पहले फिलिस्तीनी ग्रुप हमास ने तीन बंधकों – कीथ सीगल, ओफर काल्डेरोन और यार्डेन बिबास – को रिहा कर दिया।

अल जजीरा की रिपोर्ट के मुताबिक रिहा किए गए 32 फिलिस्तीनी कैदियों को लेकर रेड क्रॉस की एक बस ओफर जेल से कब्जे वाले वेस्ट बैंक में रामल्लाह के लिए रवाना हुई। जब सभी लोग बस से उतरे उनका स्वागत एक उत्साही भीड़ ने किया।

कुछ रिहा किए गए कैदियों को अब उनकी स्वास्थ्य स्थितियों के कारण रामल्लाह के अस्पतालों में ले जाया जाएगा।

इस बीच विदेश में चिकित्सा उपचार की जरुरत वाले दर्जनों फिलिस्तीनियों को मिस्र के साथ पुनः खोले गए राफा क्रॉसिंग के माध्यम से गाजा छोड़ने की अनुमति दी जाएगी।

इस बीच राफा बॉर्डर क्रॉसिंग के फिर से खुलने के बाद चिकित्सा उपचार की जरुरत वाले घायल फिलिस्तीनियों के पहले समूह को गाजा से मिस्र ले जाया गया। यह मिस्र और गाजा पट्टी के बीच एकमात्र क्रॉसिंग है।

मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक हमास द्वारा संचालित स्वास्थ्य मंत्रालय का कहना है कि चिकित्सा देखभाल के लिए 50 मरीज क्रॉसिंग के जरिए गाजा से मिस्र पहुंचे हैं।

राफा क्रॉसिंग को गाजावासी दुनिया का प्रवेश द्वार कहता है। इसे मई 2024 से नागरिकों के लिए बंद थी।

7 अक्टूबर, 2023 के बाद गाजा में इजरायली सेना द्वारा पकड़े गए अन्य 111 फिलिस्तीनियों कैदियों को आज अलग से रिहा किया जाएगा। इनमें से 94 को वापस उनके क्षेत्र में भेजे जाने की उम्मीद है। जबकि सात को मिस्र के जरिए कहीं और निर्वासित किया जाएगा।

19 जनवरी को युद्ध विराम लागू होने के बाद से यह कैदियों के बदले बंधकों की चौथी अदला-बदली है।

7 अक्टूबर 2023 को हमास ने इजरायल पर हमला करके 251 लोगों को बंधक बना लिया था, जिसमें करीब 1,200 लोग मारे गए थे। इस हमले ने एक युद्ध को जन्म दिया जिसने गाजा को तबाह कर दिया है। गाजा के हमास द्वारा संचालित स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, इजरायल के 15 महीने के सैन्य हमले में इस क्षेत्र में 47,460 फिलिस्तीनी मारे गए जबकि 111,580 घायल हुए।

 

Related Articles

Back to top button
X (Twitter)
Visit Us
Follow Me
YouTube
YouTube