हाफ‍िज और उसके स‍हयोगियों पर टेरर फंडिंग के एक और मामले में आरोप तय, कड़ी सुरक्षा में पेशी

 पाकिस्तान (Pakistan) की एक आतंकवाद रोधी अदालत (anti-terrorism court) ने काउंटर टेररिज्म डिपार्टमेंट (CDT) द्वारा दर्ज किए गए आतंकी फंडिंग के एक और मामले में जमात-उद-दावा (Jamaatud Dawa, JuD) प्रमुख हाफिज सईद (Hafiz Saeed) और उसके सहयोगियों पर आरोप तय किए हैं। काउंटर टेररिज्म डिपार्टमेंट (CDT) गुजरांवाला ने यह केस दर्ज किया था। पाकिस्‍तानी अखबार डॉन की रिपोर्ट में कहा गया है कि अधिकारियों ने कड़ी सुरक्षा के बीच आरोपी कट्टरपंथी नेताओं को अदालत के समक्ष पेश किया।

गौरतलब है कि इन दिनों जेडीयू लीडरशिप टेरर फंडिंग और मनी लॉन्ड्रिंग के दो दर्जन से अधिक मामलों का सामना कर रही है। ये मामले पांच अलग अलग शहरों में दर्ज किए गए हैं। सुरक्षा चिंताओं के कारण सभी मामलों को लाहौर आतंकवाद-निरोधी अदालतों के समक्ष रखा गया है। अधिकारियों ने हाफिज सईद और अन्य आरोपि‍यों को एटीसी जज के समक्ष प्रस्‍तुत किया। अदालत में आतंकी सरगना हाफ‍िज सईद एवं अन्य ने एफआईआर में खुद के खिलाफ लगाए गए आरोपों गलत बताया।

अदालत ने JuD नेताओं के खिलाफ आरोप तय किए और गवाहों को तलब किया। बता दें कि बीते 3 जुलाई को JuD के शीर्ष 13 नेताओं के खिलाफ आतंकवाद-रोधी अधिनियम (Anti-Terrorism Act, ATA) 1997 के तहत टेरर फंडिंग एवं मनी लॉन्ड्रिंग के लिए दो दर्जन मामलों में दर्ज किया गया था। अदालत ने आतंक के वित्तपोषण के एक अन्य मामले में अभियोजन पक्ष के गवाह के बयान भी दर्ज किए। आतंकवाद निरोधक की ओर से कहा गया है कि हाफ‍िज ने गैर-लाभकारी संगठनों और ट्रस्टों के जरिए जुटाए गए धन से आतंकी संगठनों को फंडिंग की।

रिपोर्टों में कहा गया है कि काउंटर टेररिज्म डिपार्टमेंट (CTD)  ने अपनी जांच में पाया है कि आरोपियों के आतंकी संगठनों से संबंध थे। आरोपियों ने पाकिस्तान में जुटाए गए धन से टेरर फंडिंग को अंजाम दिया। पाकिस्‍तान सरकार ने टेरर फंडिंग के आरोप में गैर-लाभकारी संगठनों पर अप्रैल में प्रतिबंध लगा दिया था। हाफ‍िज सईद को बीते 17 जुलाई को पंजाब काउंटर टेररिज्म डिपार्टमेंट (CTD) द्वारा टेरर फंडिंग के आरोप में गुजरांवाला से गिरफ्तार किया गया था। बाद में अदालत ने उसे न्‍यायिक हिरासत में जेल भेज दिया था। हाफ‍िज के अलावा जमात उद दावा के प्रमुख नेताओं मलिक ज़फर इकबाल, आमिर हमज़ा, मोहम्मद याहया अज़ीज, मोहम्मद नईम, मोहसिन बिलाल, अब्दुल रकीब, डॉ. अहमद दाउद, डॉ. मुहम्मद अयूब, अब्दुल्ला उबैद, मोहम्मद अली और अब्दुल गफ्फार पर भी केस दर्ज किए गए थे।

Related Articles

Back to top button
X (Twitter)
Visit Us
Follow Me
YouTube
YouTube